28.1 C
New Delhi
Friday, August 6, 2021

आप सांसदः संजय सिंह: आरोपित: राम मंदिर न्यासे निराधारं आलजालस्यारोपम् ! AAP सांसद संजय सिंह ने लगाए राम मंदिर ट्रस्ट पर बेबुनियाद घोटाले के आरोप !

Must read

आम आदमी दलस्य राज्यसभा सांसदः संजय सिंह: राममंदिराय राममंदिर न्यासेन क्रीतं धरायामालजालस्यारोपमारोपित: !

आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने राम मंदिर के लिए राम मंदिर ट्रस्ट द्वारा खरीदी गई जमीन में घोटाले का आरोप लगाया है !

आप सांसदः संजय सिंहस्यारोपमस्ति तत न्यासं २ कोट्या: भूमि १८.५ कोटिषु क्रीतं स्म ! सः दृढ़कथनं कृतवान तत द्वयो आदान-प्रदान ५ पलस्य अभ्यांतरं कृते स्म ! सिंहस्य दृढ़कथनं अस्ति तत राममंदिर न्यासस्य महासचिव: चंपत रायस्य सैने आदान-प्रदान कृतवान स्म !

आप सांसद संजय सिंह का आरोप है कि ट्रस्ट ने 2 करोड़ की जमीन 18.5 करोड़ में खरीदी थी ! उन्होंने दावा किया है कि दोनों लेन-देन 5 मिनट के भीतर किए गए थे ! सिंह का दावा है कि राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय के इशारे पर लेन-देन किया गया था !

संजयस्यायमपि दृढ़कथनमस्ति तत न्यासस्य सदस्य: अनिल मिश्र: अयोध्यायाः महापौर: ऋषिकेश उपाध्याय: पंजीकरणस्य साक्षीम् आस्ताम् ! सः इति प्रकरणस्य सीबीआई ईडी इत्याभ्यां चन्वेषणस्य याचनां कृतः !

संजय का यह भी दावा है कि ट्रस्ट के सदस्य अनिल मिश्र और अयोध्या के मेयर ऋषिकेश उपाध्याय रजिस्ट्री के गवाह थे ! उन्होंने इस मामले की सीबीआई और ईडी से जांच की मांग की है !

संजय सिंह: कथितः मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्री रामस्य नामे अति वृहदालजालम् श्रुत्वा भवताम् पदानां अध: भूमि प्रपलायिष्यन्ते !

संजय सिंह ने कहा मर्यादा पुरूषोत्तम प्रभु श्री राम के नाम पर इतना बड़ा घोटाला सुनकर आपके पैरों के नीचे जमीन खिसक जाएगी !

इदम् देशस्य कोटिनां जनानां आस्थायामाघातं अस्ति ! मोदी महाशयः ईडी-सीबीआई इत्याभ्यां अन्वेषणं कारित्वालजालकर्तान् कारागारे क्षिपतु !

ये देश के करोड़ों लोगों की आस्था पर आघात है ! मोदी जी ED-CBI से जांच कराकर घोटाले बाजों को जेल में डालो !

समाजवादी दलस्य नेता पूर्वमंत्री पवन पांडेय: अपि वार्ताकारसम्मेलनं कृत्वा श्रीराम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र न्यासेन क्रीतं धरायां प्रश्नमोत्थित: !

समाजवादी पार्टी के नेता और पूर्व मंत्री पवन पांडेय ने भी प्रेस कॉन्फ्रेंस करके श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट द्वारा खरीदी जमीन पर सवाल उठाए !

सः कथितः १० पलम् पूर्व २ कोट्याम् धराया: पंजीकरणमभवत् तमेव दिवसं च् पुनः अर्ध अष्टादश कोट्यामनुबंधमभवत् ! अनुबंधम् पंजीकरणं च् द्वययो इव न्यासी अनिल मिश्र: महापौर: ऋषिकेश उपाध्याय: साक्षीम् स्तः !

उन्होंने कहा 10 मिनट पहले 2 करोड़ में जमीन का बैनामा हुआ और उसी दिन फिर साढ़े 18 करोड़ में एग्रीमेंट हुआ ! एग्रीमेंट और बैनामा दोनो में ही ट्रस्टी अनिल मिश्र और मेयर ऋषिकेष उपाध्याय गवाह हैं !

येन भूमिम् द्वय कोट्याम् क्रीतं तमेव भूम्या: १० पलानंतरम्म अर्धाष्टादश कोट्यामनुबंधम् किं अभवत् ? ५ पलैव २ कोट्याः भूमि अर्धाष्टादश कोट्याः अभवत् ! भूम्या: मूल्यकीदृशं बर्धयतु ?

जिस जमीन को दो करोड़ में खरीदा गया उसी जमीन का 10 मिनट बाद साढ़े 18 करोड़ में एग्रीमेंट क्यों हुआ ? 5 मिनट में ही 2 करोड़ की जमीन साढ़े 18 करोड़ की हुई ! जमीन की कीमत कैसे बढ़ी ?

सः कथितः तत राममंदिरस्य नामे भूमि क्रयस्य नामे रामभक्तान् निर्लुण्ठते ! भूमि क्रयस्य पूर्ण क्रीड़ा महापौरं न्यासिम् च् ज्ञातौ आस्ताम् !

उन्होंने कहा कि राम मंदिर के नाम पर जमीन खरीदने के नाम पर राम भक्तों को ठगा जा रहा है ! जमीन खरीदने का सारा खेल मेयर और ट्रस्टी को मालूम था !

इतिसम्पूर्ण प्रकरणस्य सीबीआई अंवेषणमसि ! १७ कोटि रूप्यकाणि आरटीजीएस इति कृतं, केन संचयात् भुगतानमभवत् यस्यापि अन्वेषणं असि ! मंदिर न्यासम् भूमि क्रये आलजालानां आरोपेषु टिप्पणिका कृतेन न कृतं !

इस पूरे मामले की सीबीआई जांच हो ! 17 करोड़ रुपए RTGS किया गया, किस खाते से पेमेंट हुआ इसकी भी जांच हो ! मंदिर ट्रस्ट ने जमीन खरीद में घोटाले के आरोपों पर टिप्पणी करने से इनकार किया !

राममंदिर न्यासस्य महासचिव: चंपत राय: कथितः तत जनाः पूर्व १०० वर्षात् अस्मासु आरोपमारोपयन्ति ! अस्मासु महात्मा गांधिण: हननस्यापि आरोपमारोपिता: स्म ! अस्माभिः इति प्रकारस्यारोपानां परवाहं नास्ति ! वयं तस्य अध्ययनं करिष्यामः पुनः च् उत्तरम् दाष्यामः !

राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने कहा कि लोग पिछले 100 साल से हम पर आरोप लगा रहे हैं ! हम पर महात्मा गांधी की हत्या का भी आरोप लगाया गया था ! हमें इस तरह के आरोपों की परवाह नहीं है ! हम उनका अध्ययन करेंगे और फिर जवाब देंगे !

Disclaimer The author is solely responsible for the views expressed in this article. The author carry the responsibility for citing and/or licensing of images utilized within the text. The opinions, facts and any media content in them are presented solely by the authors, and neither Trunicle.com nor its partners assume any responsibility for them. Please contact us in case of abuse at Trunicle[At]gmail.com

- Advertisement -

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -

Latest article